बुरहानपुर। किसानों को गुणवत्तापूर्ण उर्वरक और कृषि सामग्री उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। कलेक्टर हर्ष सिंह के निर्देश पर कृषि विभाग की टीम ने गुरुवार को ग्राम दर्यापुर में उर्वरक और माइक्रोन्यूट्रिएंट विक्रेताओं की दुकानों का औचक निरीक्षण किया। जांच के दौरान कई दुकानों में नियमों की अनदेखी और रिकॉर्ड में गड़बड़ियां सामने आईं, जिस पर विभाग ने कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
उपसंचालक कृषि विभाग एम.एस. देवके ने बताया कि निरीक्षण के दौरान कई विक्रेताओं द्वारा उर्वरकों के स्टॉक पंजी का सही तरीके से संधारण नहीं किया जा रहा था। कुछ दुकानों में स्टॉक रजिस्टर में दर्ज मात्रा और वास्तविक स्टॉक में अंतर पाया गया। वहीं कई दुकानदारों द्वारा कंपनी से मिलने वाले उर्वरकों की मासिक विक्रय रिपोर्ट उपलब्ध नहीं कराई गई, जो नियमों के विपरीत है। इसके अलावा कुछ दुकानों पर स्टॉक बोर्ड भी प्रदर्शित नहीं किया गया था, जिससे किसानों को उपलब्ध उर्वरकों की जानकारी नहीं मिल पा रही थी। विभाग ने इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए संबंधित विक्रेताओं को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं।
निरीक्षण के दौरान दर्यापुर स्थित श्रीजी एग्रो, श्री गणेश कृषि केन्द्र, गायत्री कृषि केन्द्र और सतपुड़ा कृषि सेवा केन्द्र की जांच की गई। इनमें से सतपुड़ा कृषि सेवा केन्द्र द्वारा निरीक्षण के समय कोई भी आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जा सके। इसे गंभीर अनियमितता मानते हुए वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी को निरीक्षण रिपोर्ट के आधार पर लाइसेंस निलंबन की कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
कृषि विभाग का कहना है कि यदि अन्य दुकानदार भी निर्धारित समय में संतोषजनक जवाब प्रस्तुत नहीं करते हैं तो उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि किसानों को नकली या गलत उर्वरक बेचने जैसी गतिविधियों को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी राम पाटिल, कृषि विस्तार अधिकारी भारत वास्कले सहित कृषि विभाग के अन्य अधिकारी मौजूद रहे। विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिले में उर्वरक और पेस्टिसाइड दुकानों की जांच आगे भी लगातार जारी रहेगी, ताकि किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो।
इम्पैक्ट फोकस
- कलेक्टर के निर्देश पर कृषि विभाग की औचक कार्रवाई
- दर्यापुर में चार कृषि केंद्रों का किया निरीक्षण
- स्टॉक पंजी, विक्रय रिपोर्ट और दस्तावेजों में मिली गड़बड़ी
- एक दुकान का लाइसेंस निलंबन की प्रक्रिया शुरू
- अन्य दुकानदारों को कारण बताओ नोटिस जारी
किसानों के हित में सख्ती
कृषि विभाग का कहना है कि जिले में नकली उर्वरक या अनियमितता की शिकायतों को गंभीरता से लिया जा रहा है। इसी कारण समय-समय पर औचक निरीक्षण किए जा रहे हैं। अधिकारियों के मुताबिक इस तरह की कार्रवाई से न केवल नियमों का पालन सुनिश्चित होगा, बल्कि किसानों को भी सही और गुणवत्तापूर्ण कृषि सामग्री उपलब्ध हो सकेगी।