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श्री इच्छेश्वर हनुमान मंदिर परिसर में प्रशासन ने लगाए बोर्ड- सुप्रीम कोर्ट से जारी स्टे के बाद लगे बोर्ड 

वर्तमान स्थिति यथावत रखे जाने के लिए सूचना बोर्ड लगाए बुरहानपुर। श्री इच्छेश्वर हनुमान मंदिर लोधीपुरा में खसरा नंबर 12 शासकीय भूमि को लेकर सुप्रीम कोर्ट से जारी स्टे के बाद जिला प्रशासन ने यहां आम सूचना बोर्ड लगाया है। कलेक्टर भव्या मित्तल ने बताया हाईकोर्ट के आदेश के बाद सुप्रीम कोर्ट में लगाए गए […]

  • वर्तमान स्थिति यथावत रखे जाने के लिए सूचना बोर्ड लगाए

बुरहानपुर। श्री इच्छेश्वर हनुमान मंदिर लोधीपुरा में खसरा नंबर 12 शासकीय भूमि को लेकर सुप्रीम कोर्ट से जारी स्टे के बाद जिला प्रशासन ने यहां आम सूचना बोर्ड लगाया है।
कलेक्टर भव्या मित्तल ने बताया हाईकोर्ट के आदेश के बाद सुप्रीम कोर्ट में लगाए गए स्टे पर कोर्ट से जारी ऑर्डर में वर्तमान स्थिति को यथावत रखने के आदेश दिए थे, इसके बाद जिला प्रशासन द्वारा आम सूचना का बोर्ड लगाया गया है। किसी भी तरह के बड़े आयोजन पर भी रोक लगाई गई है। सीसीटीवी कैमरा से भी निगरानी रखी जा रही है।
गौरतलब है कि लोधीपुरा में बोहरा समाज की दरगाह ए हकीमी है। वहीं इसी क्षेत्र में प्राचीन श्री इच्छेश्वर हनुमान मंदिर है। दोनों पक्षों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा है। बुरहानपुर कोर्ट से श्री इच्छेश्वर हनुमान मंदिर समिति केस जीत गई थी। तब बोहरा समाज ट्रस्ट ने हाईकार्ट में केस लगाया। हाईकोर्ट जबलपुर ने 22 जून 2023 को आदेश दिए कि प्रशासन, समिति यहां से मंदिर हटाए, लेकिन इसके विरूद्ध मंदिर समिति के लोग सुप्रीम कोर्ट चले गए। श्री इच्छेश्वर हनुमान मंदिर ट्रस्ट की ओर से अधिवक्ता जगदीश वाढ़े, राकेश तिवारी ने कहा था कि उच्च न्यायालय में हमारे हक में अप्रिय फैसला आया, लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के निर्णय पर रोक लगाकर स्थिति यथावत रखने को कहा है यानी मंदिर में पूजा अर्चना की जा सकती है। इधर दरगाह ए हकीमी उप प्रबंधक मुस्तुफा उज्जैनवाला का कहना था कि मामला सर्वोच्च न्यायालय में चल रहा है। दरगाह ए हकीमी की ओर से अधिवक्ता शब्बीर रावलपिंडीवाला का कहना था कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश में एज ऑन टुडे लिखा गया है यानी हाईकोर्ट ने जो निर्णय 22 जून 23 को दिया था उसे यथावत रखने को कहा गया है। गतिविधियों पर रोक लगाई गई है। इसके बाद प्रशासन ने बोर्ड लगा दिए।
बाबरी मस्जिद, ज्ञान व्यापी मस्जिद का केस लड़ चुके अधिवक्ता लड़ रहे केस
यह केस सुप्रीम कोर्ट के वकील हरिशंकर जैन और उनके बेटे विष्णु शंकर जैन लड़ रहे हैं। पिता पुत्र की यह जोड़ी बाबरी मस्जिद अयोध्या, ज्ञानव्यापी मस्जिद वाराणसी, ताज महल आगरा, कुतुब मिनार नई दिल्ली सहित अन्य कईं चर्चित केस लड़ चुकी है।
बोर्ड पर यह लिखा-
उच्च न्यायालय नई दिल्ली ने अपील के लिए विशेष अनुमति लेने हेतु याचिका सी क्रमांक 206742023 में पारित आदेश दिनांक 6 नवंबर 23 के अनुसार ग्राम शहदरा के खसरा नंबर 12 पुराना खसरा नंबर 6-7 शासकीय भूमि होकर उक्त जमीन का उपयोग करने में उच्च न्यायालय द्वारा आदेशित की गई स्थायी निषेधाज्ञा को निरंतर रखने का आदेश जारी किया गया था। जिससे यथा स्थिति जो आज विद्यमान है जारी रहेगी। सभी जन एतद द्वारा सूचित हो। आदेशानुसार जिला प्रशासन बुरहानपुर।

 

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