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इस्लाम कुबूल नहीं किया, शादी से इनकार किया… मिली दर्दनाक मौत
बुरहानपुर। “शादी नहीं करूंगी”, “धर्म नहीं बदलूंगी”… बस यही दो वाक्य थे, जिनकी सजा भाग्यश्री धानुक को अपनी जान देकर चुकानी पड़ी। और अब, इस जघन्य हत्या के आरोपी शेख रईस पर प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए उसका अवैध अतिक्रमण ढहा दिया।
दरअसल सोमवार दोपहर 3 बजे, प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम ने नेपानगर रेलवे ओवरब्रिज के नीचे बनी अवैध टपरी और तबेले को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया। यह ब्रिज 38 करोड़ रुपये की लागत से बना है, और इसके नीचे शेख रईस ने भैंसों का तबेला बना रखा था। इसी के साथ संजय नगर और आंगनवाड़ी के पीछे बने टीनशेड को भी जेसीबी से तोड़ दिया गया।
SDM वाखला ने संभाली कमान, सैकड़ों लोगों ने देखा लाइव कार्रवाई
कार्यवाही की अगुवाई एसडीएम भागीरथ वाखला ने की। साथ थे थाना प्रभारी ज्ञानू जायसवाल, नगर पालिका के नरेंद्र सिंह तंवर और तहसीलदार दिनेश भेवंदिया। टीम ने पूरे इलाके को खाली कराया और ब्रिज के नीचे का क्षेत्र पूरी तरह अतिक्रमणमुक्त किया। SDM वाखला ने कहा एक और लोकेशन पर भी अतिक्रमण है, वहां भी जल्द कार्रवाई होगी।
भाग्यश्री की हत्या के पीछे धर्म परिवर्तन और शादी का दबाव
शुक्रवार को ग्राम नावरा में 35 वर्षीय महिला भाग्यश्री धानुक की चाकू से गला रेतकर हत्या कर दी गई। आरोपी शेख रईस उसे इस्लाम कुबूल करवाकर शादी करना चाहता था, लेकिन भाग्यश्री ने इनकार कर दिया। इसी इनकार ने उसकी जान ले ली। घटना के बाद क्षेत्र में भारी तनाव फैल गया। हिंदू संगठनों ने नावरा और नेपानगर में बंद बुलाया, बाजार बंद कराए।
प्रदर्शन के बाद प्रशासन हरकत में आया, एक दिन पहले ही चिह्नित की गई थी संपत्ति
भाग्यश्री की हत्या के बाद पीड़ित परिवार और संगठनों ने दो मुख्य मांगें रखीं। पीड़ित परिवार को सरकार मुआवजा दे। और आरोपी की अवैध संपत्तियों पर कार्रवाई हो। प्रशासन ने तत्काल प्रतिक्रिया दी और एक दिन पहले ही अवैध निर्माणों को चिह्नित कर लिया गया था, जिसकी परिणति सोमवार को बुलडोजर कार्रवाई के रूप में हुई।
कौन है शेख रईस? दूध बेचने की आड़ में कब्जे करता रहा
• पेशे से दूध विक्रेता, लेकिन काम सिर्फ दूध का नहीं था
• सरकारी जमीन पर अतिक्रमण, ओवरब्रिज के नीचे तबेला
• आंगनवाड़ी के पीछे टीनशेड, कई अवैध निर्माण
• अब गिरफ्तार, सोमवार को कोर्ट में पेश किया गया
जनता में रोष और राहत दोनों — देर से ही सही, न्याय की शुरुआत हुई
अवैध अतिक्रमण ढहाने के बाद इलाके में लोग खुश हैं कि प्रशासन ने सख्ती दिखाई, लेकिन पीड़ित परिवार को मुआवजा और सुरक्षा अब भी बाकी है। स्थानीय निवासी बोले ये तो शुरुआत है… असली न्याय तब मिलेगा जब दोषी को फांसी मिलेगी।