बुरहानपुर। जिले के पावरलूम बुनकरों के लिए आज का दिन ऐतिहासिक रहा। वर्षों से जिस पावरलूम क्लस्टर की बात हो रही थी, वह अब हकीकत बन चुका है। विधायक एवं पूर्व मंत्री अर्चना चिटनीस के लगातार प्रयासों से यह परियोजना अब पूरी तरह मूर्तरूप ले चुकी है। करीब 12 करोड़ रुपए की लागत से बने इस क्लस्टर ने बुरहानपुर के वस्त्र उद्योग को नई पहचान देने की दिशा में बड़ा कदम बढ़ाया है। चिटनीस ने कहा पावरलूम क्लस्टर बुरहानपुर क्षेत्र के आर्थिक विकास का आधार बनेगा।
दरअसल मोहम्मदपुरा में विकसित यह क्लस्टर मध्यप्रदेश शासन के 66 प्रतिशत और भारत सरकार के 34 प्रतिशत अंशदान से तैयार किया गया है। परियोजना के लिए कुल 7.61 हेक्टेयर भूमि निर्धारित की गई है, जिसमें अब तक 64 भूखण्ड विकसित किए जा चुके हैं। इनमें से 13 भूखण्ड अनुसूचित जाति एवं जनजाति वर्ग के हितग्राहियों के लिए आरक्षित हैं।
यहां सड़क, नालियां, बिजली सब-स्टेशन, दो बोरवेल, पानी की टंकी, प्रशासनिक भवन, दुकानें, पार्किंग, क्रेच सेंटर और हाईवे से जोड़ने वाला सीमेंट रोड जैसी सुविधाएं तैयार की गई हैं। करीब 1 करोड़ रुपए की लागत से क्लस्टर के मुख्य द्वार और मार्गों को सीमेंटीकृत किया गया है।
अर्चना चिटनीस ने की मंत्री से मुलाकात, भूखंड आवंटन प्रक्रिया को दी रफ्तार
हाल ही में भोपाल में श्रीमती चिटनीस ने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री चैतन्य कश्यप से मुलाकात कर भूखंड आवंटन प्रक्रिया को शीघ्र शुरू करने का आग्रह किया। मंत्री ने तत्काल स्वीकृति दी और प्रमुख सचिव को निर्देश दिए कि आवंटन प्रक्रिया दीपावली के बाद शुरू की जाए। अब 1 नवंबर 2025 से भूखंड आवंटन की ऑनलाइन प्रक्रिया प्रारंभ होगी।
यह सिर्फ उद्योग नहीं, आत्मनिर्भर भारत का सपना
अर्चना चिटनीस ने कहा, यह परियोजना सिर्फ एक औद्योगिक योजना नहीं, बल्कि आत्मनिर्भर भारत के सपने को साकार करने की दिशा में ठोस कदम है। बुनकर भाइयों को आधुनिक सुविधाओं से जोड़कर हम उन्हें देश की विकासधारा में अग्रणी बनाएंगे। उन्होंने बताया कि इस क्लस्टर से स्थानीय रोजगार के नए अवसर बनेंगे, महिलाओं के लिए स्वरोजगार की संभावनाएं बढ़ेंगी और आधुनिक मशीनों से उत्पादन क्षमता में इजाफा होगा।
बुरहानपुर बनेगा राज्य का वस्त्र हब
परियोजना के पूरा होने के बाद बुरहानपुर राज्य का अग्रणी वस्त्र केंद्र बनने की ओर अग्रसर है। बुरहानपुर की पारंपरिक कपड़ा उद्योग को अब राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार में नई पहचान मिलने जा रही है। यह क्लस्टर स्थानीय अर्थव्यवस्था को गति देगा और बुनकरों को स्थायी रोजगार की सुरक्षा प्रदान करेगा।
निरीक्षण के दौरान मौजूद रहे उद्योग जगत के दिग्गज
श्रीमती चिटनीस के साथ निरीक्षण के दौरान प्रदीप केडिया, बलराज नावानी, नरहरी दीक्षित, सुरेश लखोटिया, सुनिल भरतीया, धनेन्द्र पुरोहित, राजेश जैन, योगेश महाजन, दीपक महाजन सहित कई उद्योगपति, व्यापारी और अधिकारी मौजूद रहे।