बुरहानपुर। जिले में अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के बीच खकनार पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने देशी पिस्टल के साथ एक ऐसे अंतरजिला हिस्ट्रीशीटर को गिरफ्तार किया है, जिसके खिलाफ हत्या, सशस्त्र लूट, लूट का प्रयास और अवैध हथियार रखने जैसे आधा दर्जन गंभीर मामले पहले से दर्ज हैं। आरोपी के कब्जे से एक हस्तनिर्मित देशी पिस्टल, पल्सर मोटरसाइकिल और मोबाइल फोन सहित 1.37 लाख रुपए का माल बरामद हुआ है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी किसी नई वारदात को अंजाम देने निकला था या फिर अवैध हथियारों की सप्लाई चेन का हिस्सा बनकर काम कर रहा था।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक आशुतोष बागरी के निर्देश पर जिले में अवैध हथियारों के निर्माण, खरीद-फरोख्त और परिवहन के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रदीप शेंडे और नगर पुलिस अधीक्षक गौरव पाटिल के मार्गदर्शन में खकनार थाना पुलिस ने 23 जुलाई को मुखबिर की सूचना पर ग्राम खकनार खुर्द स्थित माता नदी माता मंदिर के पास घेराबंदी की।
पुलिस ने मौके से शाहरुख उर्फ शारुख खान को पकड़कर तलाशी ली। उसके कब्जे से एक हस्तनिर्मित देशी पिस्टल, मोबाइल फोन और पल्सर बाइक बरामद हुई। आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 338/26 के तहत आर्म्स एक्ट की धारा 25(1-B)(a) में मामला दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया गया। फिलहाल उससे पूछताछ जारी है।
तीन जिलों में फैला अपराध का रिकॉर्ड
पुलिस जांच में सामने आया कि शाहरुख कोई सामान्य आरोपी नहीं, बल्कि अंतरजिला स्तर पर सक्रिय आदतन अपराधी है। उसके खिलाफ हरदा, खंडवा और बुरहानपुर के विभिन्न थानों में गंभीर अपराध दर्ज हैं। हरदा जिले के छिपावड़ थाने में वर्ष 2018 का हत्या का मामला तथा सशस्त्र लूट का प्रकरण दर्ज है। इसके अलावा वर्ष 2025 में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के तहत भी उसके खिलाफ मामला दर्ज हुआ। बुरहानपुर के लालबाग थाने में उसके खिलाफ लूट और लूट के प्रयास के दो अलग-अलग मामले दर्ज हैं, जबकि खंडवा के मोघट रोड थाने में आर्म्स एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज है। पुलिस का कहना है कि आरोपी का आपराधिक इतिहास काफी लंबा है और वह लंबे समय से पुलिस के रिकॉर्ड में दर्ज अपराधियों में शामिल रहा है।
क्या किसी बड़ी वारदात की थी तैयारी?
देशी पिस्टल के साथ आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब कई अहम बिंदुओं पर जांच कर रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि आरोपी हथियार लेकर कहां जा रहा था, हथियार किससे खरीदा गया और उसका उपयोग किस उद्देश्य से किया जाना था। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी किसी संगठित गिरोह के लिए काम कर रहा था या नहीं। सूत्रों के अनुसार पूछताछ के आधार पर हथियार तस्करी के नेटवर्क और उससे जुड़े अन्य आरोपियों तक पहुंचने की संभावना भी जताई जा रही है।
हथियार तस्करों पर लगातार कार्रवाई
खकनार थाना क्षेत्र पिछले कुछ समय से अवैध हथियारों के खिलाफ लगातार अभियान चला रहा है। 31 दिसंबर 2025 को पुलिस ने ग्राम पचौरी के जंगल में दबिश देकर अवैध हथियार बनाने की फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया था। उस कार्रवाई में पांच देशी पिस्टल जब्त की गई थीं। उस मामले का मुख्य आरोपी रेहराज उर्फ रेहरास, जो लंबे समय से फरार चल रहा था, उसे भी 22 जुलाई 2026 को गिरफ्तार कर लिया गया। लगातार हो रही इन कार्रवाइयों से यह संकेत मिल रहे हैं कि पुलिस अब केवल हथियार बरामद करने तक सीमित नहीं रहना चाहती, बल्कि पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने की दिशा में काम कर रही है।
पुलिस टीम की रही अहम भूमिका
कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक अभिषेक जाधव, उपनिरीक्षक शंकर लोने, प्रधान आरक्षक सतीश सूर्यवंशी, आरक्षक जितेंद्र चौहान, राकेश डावर, सबलसिंह देवड़ा, सुनील धुर्वे, अर्जुन और अनिल डावर की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
सदैव विश्लेषण
खकनार पुलिस की यह कार्रवाई केवल एक आरोपी की गिरफ्तारी भर नहीं है। पिछले सात महीनों में अवैध हथियार फैक्ट्री का भंडाफोड़, फरार मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी और अब अंतरजिला हिस्ट्रीशीटर के पास से देशी पिस्टल की बरामदगी यह संकेत देती है कि बुरहानपुर-खंडवा-हरदा बेल्ट में सक्रिय अवैध हथियार नेटवर्क पर पुलिस का दबाव लगातार बढ़ रहा है। अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि पूछताछ में इस नेटवर्क की अगली कड़ी कब और कितनी बड़ी सामने आती है।