बुरहानपुर। देश की सेवा और जनसुरक्षा के लिए प्राण न्यौछावर करने वाले वीर पुलिसकर्मियों की याद में मंगलवार को रेणुका पुलिस लाइन में पुलिस स्मृति दिवस बड़े ही श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाया गया। इस अवसर पर सांसद ज्ञानेश्वर पाटील, विधायक मंजू राजेंद्र दादु, कलेक्टर हर्ष सिंह, एसपी देवेंद्र पाटीदार सहित पुलिस विभाग और प्रशासनिक अमले ने शहीद स्मारक पर पुष्पचक्र अर्पित कर वीर शहीदों को नमन किया।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधीक्षक श्री पाटीदार ने पिछले एक वर्ष के दौरान कर्तव्य पालन में शहीद हुए पुलिसकर्मियों के नामों का वाचन किया। इस दौरान पूरे मैदान में एक भावनात्मक माहौल बन गया। दो मिनट का मौन रखकर शहीदों को श्रद्धांजलि दी गई, जबकि पुलिस बल ने पूरे अनुशासन के साथ सलामी देकर अपने शहीद साथियों को नमन किया।
1959 की शहादत से शुरू हुई परंपरा
हर साल 21 अक्टूबर को पुलिस स्मृति दिवस उस ऐतिहासिक घटना की याद में मनाया जाता है, जब 1959 में भारत-चीन सीमा पर 10 सीआरपीएफ जवानों ने देश की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान दिया था। उसी से प्रेरणा लेकर पूरे देश में यह दिवस मनाया जाता है, ताकि समाज को यह याद रहे कि देश की सुरक्षा के प्रहरी हर परिस्थिति में डटे रहते हैं।
सांसद पाटील बोले – पुलिस कर्मियों के बिना समाज की कल्पना अधूरी
सांसद ज्ञानेश्वर पाटील ने अपने संबोधन में कहा पुलिस स्मृति दिवस उन जांबाज़ों की याद दिलाता है जिन्होंने समाज और राष्ट्र की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। पुलिस कर्मी दिन-रात जनता की सेवा में तत्पर रहते हैं, वे हमारे समाज का सुरक्षा कवच हैं। देशभक्ति और जनसेवा के इस भाव को हम सबको अपने जीवन में उतारना चाहिए। उन्होंने कहा कि आज़ादी से लेकर आज तक हर संकट की घड़ी में पुलिस ने अपनी निष्ठा और हिम्मत से अपनी भूमिका साबित की है।
विधायक मंजू दादु ने कहा – शहीदों का बलिदान अमर रहेगा
विधायक सुश्री मंजू दादु ने कहा पुलिस कर्मियों ने समाज में शांति बनाए रखने और जनता की सुरक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दी है। उनका यह बलिदान हमेशा प्रेरणा देता रहेगा। मैं उन सभी शहीदों को नमन करती हूँ जिन्होंने कर्तव्य को सर्वोपरि रखा। उन्होंने कहा कि पुलिस बल का परिश्रम, अनुशासन और त्याग हर नागरिक के लिए गर्व का विषय है।
ये रहे मौजूद
इस मौके पर पूर्व राज्य मंत्री संजय जाधव, पूर्व महापौर अनिल भोसले, भाजपा युवा नेता गजेंद्र पाटील, जिला उपाध्यक्ष आदित्य प्रजापति, डॉ. दीपक वाभले, जिला प्रशासन और पुलिस विभाग के अधिकारी-कर्मचारी बड़ी संख्या में मौजूद रहे।