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खाने से पहले जरा ठहरिए: दूध-आइसक्रीम से मावा तक जांच में गड़बड़ी, एडीएम कोर्ट ने लगाया 7 प्रकरणों में 2.65 लाख का जुर्माना

- खाद्य विभाग की जांच रिपोर्ट पर कार्रवाई; दूध, पाम ऑयल और आइसक्रीम के नमूने अमानक, मावा रोल-बर्फी और नमकीन मिले मिथ्याछाप; तीन प्रतिष्ठानों पर 50-50 हजार का अर्थदंड

बुरहानपुर। बाजार में बिकने वाले दूध, तेल, आइसक्रीम, मावा और नमकीन की गुणवत्ता को लेकर खाद्य विभाग की जांच में गड़बड़ी सामने आई है। अलग-अलग प्रतिष्ठानों से लिए गए खाद्य पदार्थों के नमूनों की भोपाल में जांच कराई गई। रिपोर्ट में कहीं खाद्य पदार्थ अमानक निकला तो कहीं मिथ्याछाप। जांच रिपोर्ट के आधार पर एडीएम न्यायालय ने सात प्रकरणों में कुल 2 लाख 65 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया है।

सबसे अधिक अर्थदंड दूध, पाम ऑयल और आइसक्रीम से जुड़े प्रकरणों में लगाया गया। इन तीनों के नमूने अमानक पाए जाने पर 50-50 हजार रुपए, यानी कुल 1.50 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया। वहीं मावा रोल, नमकीन और मावा बर्फी के मिथ्याछाप पाए जाने के मामलों में 30-30 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया गया।

दूध का नमूना अमानक, दत्त दूध डेयरी पर 50 हजार

प्रतापपुरा स्थित श्री दत्त दूध डेयरी से खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने दूध का नमूना लिया था। इसे जांच के लिए खाद्य विश्लेषक भोपाल भेजा गया। जांच रिपोर्ट में दूध का नमूना अमानक पाया गया। इसके बाद प्रकरण एडीएम न्यायालय में पेश किया गया, जहां 50 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया गया। रोजमर्रा में इस्तेमाल होने वाले दूध का नमूना मानकों पर खरा नहीं उतरना इसलिए भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह सीधे आम उपभोक्ताओं से जुड़ा खाद्य पदार्थ है।

पाम ऑयल भी जांच में फेल, 50 हजार का अर्थदंड

श्री हरि गोपाल फूड प्रोडक्ट्स से लिया गया पाम ऑयल का नमूना भी जांच में अमानक पाया गया। इस प्रकरण में भी एडीएम न्यायालय ने 50 हजार रुपए का जुर्माना लगाया। खाद्य विभाग ने नमूने की जांच रिपोर्ट के आधार पर प्रकरण तैयार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया था।

आइसक्रीम भी मानकों पर नहीं उतरी, वीरेन आइसक्रीम पर कार्रवाई

सिंधीपुरा गेट स्थित वीरेन आइसक्रीम से लिए गए आइसक्रीम के नमूने की रिपोर्ट भी अमानक आई। एडीएम न्यायालय ने इस प्रकरण में 50 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया। यानी केवल दूध, पाम ऑयल और आइसक्रीम से संबंधित तीन मामलों में ही कुल 1 लाख 50 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया गया है।

नेपानगर में मावा रोल और बर्फी मिथ्याछाप

कार्रवाई का दायरा बुरहानपुर शहर तक सीमित नहीं रहा। नेपानगर के खाद्य प्रतिष्ठानों से लिए गए नमूनों में भी गड़बड़ी सामने आई। ट्रैफिक जाम होटल, नेपानगर से लिए गए मावा रोल के नमूने को जांच में मिथ्याछाप पाया गया। इस प्रकरण में 30 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया गया। इसी तरह प्रकाश होटल, नेपानगर से लिए गए मावा बर्फी के नमूने को भी मिथ्याछाप पाया गया। यहां भी 30 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया।

असीरगढ़ में नमकीन मिथ्याछाप, 30 हजार का जुर्माना

असीरगढ़ स्थित रामकृष्ण मिडवे से खाद्य विभाग ने नमकीन का नमूना लिया था। भोपाल से आई जांच रिपोर्ट में नमूना मिथ्याछाप पाया गया। एडीएम न्यायालय ने संबंधित प्रकरण में 30 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया। इसके अलावा खातला स्थित एसबी किराना से लिए गए सोयाबीन तेल से संबंधित प्रकरण में 25 हजार रुपए का अर्थदंड अधिरोपित किया गया।

7 प्रकरणों में इस तरह लगा 2.65 लाख का अर्थदंड

श्री दत्त दूध डेयरी के दूध पर 50 हजार, श्री हरि गोपाल फूड प्रोडक्ट्स के पाम ऑयल पर 50 हजार और वीरेन आइसक्रीम के आइसक्रीम नमूने पर 50 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया गया। ट्रैफिक जाम होटल के मावा रोल पर 30 हजार, रामकृष्ण मिडवे के नमकीन पर 30 हजार, प्रकाश होटल की मावा बर्फी पर 30 हजार और एसबी किराना के सोयाबीन तेल से संबंधित प्रकरण में 25 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया गया। इस तरह सात प्रकरणों में कुल राशि 2.65 लाख रुपए होती है।

नमूना लिया, भोपाल भेजा; रिपोर्ट में गड़बड़ी के बाद कोर्ट पहुंचा मामला

खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग की कार्रवाई में पहले खाद्य प्रतिष्ठानों से नमूने लिए गए। इन्हें जांच के लिए खाद्य विश्लेषक भोपाल भेजा गया। प्रयोगशाला से रिपोर्ट मिलने के बाद जिन नमूनों को अमानक अथवा मिथ्याछाप पाया गया, उनसे संबंधित कारोबारियों के खिलाफ नियमानुसार प्रकरण दर्ज कर एडीएम न्यायालय में प्रस्तुत किए गए। इन्हीं प्रकरणों में अर्थदंड की कार्रवाई हुई है।

कारोबारियों को मानकों का पालन करने के निर्देश, जांच रहेगी जारी

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश और कलेक्टर हर्ष सिंह के मार्गदर्शन में जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर जांच अभियान चलाया जा रहा है। खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने कारोबारियों को निर्धारित खाद्य सुरक्षा और गुणवत्ता मानकों का पालन करने के निर्देश दिए हैं। विभाग का कहना है कि जिले में खाद्य प्रतिष्ठानों से नमूने लेने और उनकी प्रयोगशाला जांच की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। जांच में मानकों का उल्लंघन सामने आने पर नियमानुसार प्रकरण बनाकर कार्रवाई की जाएगी।

सात प्रकरण, जुर्माने का पूरा हिसाब

प्रतिष्ठान खाद्य पदार्थ जांच/प्रकरण अर्थदंड
श्री दत्त दूध डेयरी, प्रतापपुरा दूध अमानक ₹50,000
श्री हरि गोपाल फूड प्रोडक्ट्स पाम ऑयल अमानक ₹50,000
वीरेन आइसक्रीम, सिंधीपुरा गेट आइसक्रीम अमानक ₹50,000
ट्रैफिक जाम होटल, नेपानगर मावा रोल मिथ्याछाप ₹30,000
रामकृष्ण मिडवे, असीरगढ़ नमकीन मिथ्याछाप ₹30,000
प्रकाश होटल, नेपानगर मावा बर्फी मिथ्याछाप ₹30,000
एसबी किराना, खातला सोयाबीन तेल संबंधित प्रकरण ₹25,000
कुल 7 प्रकरण ₹2,65,000

 

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