बुरहानपुर। ग्राम बोरसल के शराब के अड्डे पर शुक्रवार रात दो युवक साथ बैठकर शराब पी रहे थे। कुछ देर पहले तक दोनों के बीच सामान्य बातचीत चल रही थी, लेकिन एक मामूली बात पर शुरू हुई कहासुनी अचानक हिंसक झगड़े में बदल गई। पहले नितिन ने ज्ञानेश्वर के सिर पर ईंट मार दी। सिर से खून निकलते ही ज्ञानेश्वर आगबबूला हो गया। उसने पास पड़ी लकड़ी उठाई और नितिन के सिर पर एक के बाद एक कई वार कर दिए। नितिन वहीं गिर पड़ा और उसकी मौत हो गई।
हत्या के बाद आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भाग निकला। सुबह शराब के अड्डे पर खून से लथपथ शव मिला तो पूरे गांव में सनसनी फैल गई। शाहपुर पुलिस ने पांच संदिग्धों से पूछताछ, डॉग स्क्वायड की सर्चिंग और साइबर सेल के तकनीकी सुरागों के आधार पर महज 12 घंटे में हत्या की गुत्थी सुलझा दी।
मृतक की पहचान खापरखेड़ा निवासी नितिन कोली के रूप में हुई। पुलिस ने हत्या के आरोप में ज्ञानेश्वर उर्फ दीपक पाटील को पकड़ा है। पुलिस के अनुसार आरोपी ने पूछताछ में वारदात करना स्वीकार किया है।
सुबह मिला शव, सिर पर थे गंभीर चोटों के निशान
शनिवार सुबह शाहपुर थाना पुलिस को सूचना मिली कि ग्राम बोरसल में शराब पीने के स्थान पर एक युवक का शव पड़ा है। खबर मिलते ही थाना प्रभारी अखिलेश मिश्रा पुलिस बल और डॉग स्क्वायड के साथ मौके पर पहुंचे। शव के आसपास खून फैला था। नितिन के सिर पर गहरे घाव थे। घटनास्थल पर संघर्ष के संकेत भी दिखाई दे रहे थे। प्रारंभिक जांच में ही पुलिस ने स्पष्ट कर दिया कि युवक की मौत सामान्य नहीं, बल्कि सिर पर हमला करने से हुई है। पुलिस ने तत्काल घटनास्थल को सुरक्षित कर पंचनामा कार्रवाई शुरू की। आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ की गई और यह पता लगाने का प्रयास किया गया कि नितिन को आखिरी बार किसके साथ देखा गया था।
पांच लोगों से अलग-अलग पूछताछ, बयानों में खुली परतें
जांच के दौरान सामने आया कि घटना की रात नितिन के साथ कुछ लोग शराब पी रहे थे। पुलिस ने पांच लोगों को पूछताछ के लिए बुलाया। सभी के बयान अलग-अलग दर्ज किए गए और उनके जवाबों का घटनास्थल से मिले साक्ष्यों से मिलान किया गया। पूछताछ में पुलिस को पता चला कि घटना के समय नितिन और ज्ञानेश्वर उर्फ दीपक पाटील एक साथ बैठे थे। दोनों शराब पी रहे थे। इसी दौरान किसी मामूली बात को लेकर उनके बीच कहासुनी शुरू हो गई। पहले मौखिक विवाद हुआ, इसके बाद दोनों हाथापाई पर उतर आए। इसी दौरान नितिन ने पास पड़ी ईंट उठाकर ज्ञानेश्वर के सिर पर मार दी। ईंट लगने से ज्ञानेश्वर घायल हो गया।
ईंट लगते ही उठा ली लकड़ी, सिर पर किए कई वार
पुलिस के मुताबिक सिर पर ईंट लगने के बाद ज्ञानेश्वर ने आपा खो दिया। उसने पास पड़ी लकड़ी उठाई और नितिन के सिर पर हमला कर दिया। उसने नितिन पर लगातार कई वार किए। सिर पर गंभीर चोट लगते ही नितिन जमीन पर गिर पड़ा। अत्यधिक खून बहने और अंदरूनी चोटों के कारण उसकी मौके पर ही मौत हो गई। नितिन के गिरते ही आरोपी घबरा गया और वारदात वाली जगह से फरार हो गया। रात के अंधेरे और सुनसान स्थान के कारण घटना का तत्काल किसी को पता नहीं चला। सुबह लोगों ने युवक का शव देखा, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।
खोजी कुत्ता बार-बार संदिग्ध स्थान पर रुका
पुलिस ने हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए डॉग स्क्वायड को मौके पर बुलाया। खोजी कुत्ते को घटनास्थल से मिले सुरागों के आधार पर सर्चिंग कराई गई। डॉग कुछ स्थानों तक पहुंचा और वहां बार-बार रुकता रहा। इन स्थानों से पुलिस ने महत्वपूर्ण जानकारियां और साक्ष्य जुटाए। डॉग स्क्वायड से मिली दिशा के बाद संदिग्ध लोगों के बयानों की दोबारा जांच की गई। पुलिस ने साइबर सेल से भी तकनीकी मदद ली। संदिग्धों की गतिविधियों, मोबाइल लोकेशन और संपर्क से जुड़ी जानकारियों को खंगाला गया। घटनास्थल से मिले साक्ष्य, तकनीकी इनपुट और लोगों के बयानों की कड़ियां जोड़ते हुए पुलिस ज्ञानेश्वर तक पहुंच गई।
पहले बचता रहा, सवालों में उलझा तो टूटा
पुलिस ने ज्ञानेश्वर को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। प्रारंभ में वह घटना के बारे में स्पष्ट जवाब देने से बचता रहा। पुलिस ने जब उसके बयानों का घटनास्थल से मिले साक्ष्यों और अन्य लोगों के बयानों से मिलान किया तो कई विरोधाभास सामने आए। लगातार पूछताछ के दौरान आरोपी टूट गया। पुलिस के अनुसार उसने बताया कि नितिन ने पहले उसके सिर पर ईंट मार दी थी। इसके बाद उसने गुस्से में लकड़ी से हमला किया। आरोपी के बयान के बाद पुलिस ने हत्या से जुड़े अन्य साक्ष्य जुटाए।
महज 12 घंटे में खुला अंधा कत्ल
घटना के बाद पुलिस के सामने न तो कोई प्रत्यक्षदर्शी था और न ही आरोपी की तत्काल पहचान हो पाई थी। इसके बावजूद पुलिस ने घटनास्थल के साक्ष्यों, डॉग स्क्वायड, साइबर सेल और संदिग्धों की पूछताछ के आधार पर 12 घंटे के भीतर हत्या का खुलासा कर दिया। थाना प्रभारी अखिलेश मिश्रा ने बताया कि आरोपी ज्ञानेश्वर उर्फ दीपक पाटील को पकड़ लिया गया है। पुलिस के अनुसार आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार किया है। आरोपी के खिलाफ हत्या का प्रकरण दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस वारदात में इस्तेमाल लकड़ी, ईंट और आरोपी के कपड़ों सहित अन्य भौतिक साक्ष्यों की भी जांच कर रही है।
हत्या के बाद गांव में दहशत, शराब के अड्डे पर उठे सवाल
सुबह शव मिलने की जानकारी पूरे गांव में फैलते ही सनसनी मच गई। बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल के आसपास जमा हो गए। शराब के अड्डे पर युवक की हत्या से ग्रामीणों में भय और आक्रोश दोनों दिखाई दिए। ग्रामीणों के बीच यह सवाल भी उठता रहा कि शिकायतों के बाद भी गांव में खुलेआम शराब पीने का स्थान कैसे संचालित हो रहा था। बताया जा रहा है कि संबंधित स्थान पर पहले भी लोगों के बैठकर शराब पीने और विवाद करने की शिकायतें सामने आ चुकी थीं।
शराब पिलाने की जगह देने वाले पर भी दर्ज होगा केस
थाना प्रभारी अखिलेश मिश्रा ने बताया कि जिस व्यक्ति के स्थान पर मृतक और आरोपी बैठकर शराब पी रहे थे, उसके खिलाफ भी अलग से कार्रवाई की जाएगी। पुलिस के अनुसार उस व्यक्ति के खिलाफ पहले भी कई शिकायतें मिल चुकी हैं। अब पुलिस यह जांच कर रही है कि उस स्थान पर शराब पीने की व्यवस्था कब से चल रही थी, वहां नियमित रूप से कौन लोग आते थे और शराब कहां से उपलब्ध कराई जाती थी। हत्या के खुलासे के बाद अब शराब का अड्डा संचालित करने और वहां लोगों को बैठाकर शराब पिलाने वालों की भूमिका भी जांच के दायरे में आ गई है।
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