बुरहानपुर। मध्यप्रदेश के बुरहानपुर शहर में एक बार फिर कथित ग्रूमिंग और जबरन धर्मांतरण का मामला सामने आया है, जिसने सामाजिक हलकों में उबाल ला दिया है। थाना कोतवाली पुलिस ने 20 वर्षीय युवती को सुपुर्द कर आरोपी युवक के खिलाफ बीएनएस की धारा 308(2) और मध्यप्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है। शुरुआती जांच में पीड़िता की सहेली की संदिग्ध भूमिका भी सामने आ रही है।
दरअसल पीड़िता के पिता ने 3 फरवरी 2026 को थाना कोतवाली पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि उनकी बेटी अनामिका (बदला हुआ नाम) (उम्र 20–21 वर्ष) दोपहर करीब 2:45 बजे घर से सिलाई की कोचिंग जाने की बात कहकर निकली थी। भतीजे ने 3:30 बजे कोचिंग सेंटर जाकर देखा, लेकिन वह वहां नहीं मिली। मोबाइल नंबर पर कॉल करने पर फोन बंद मिला, जिसके बाद परिजन घबरा गए।
8–10 महीने से संपर्क, सहेली के जरिए बना था कनेक्शन
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी इम्तियाज उल्ला (19 वर्ष) निवासी डाकवाड़ी, बुरहानपुर, का अनामिका से 8 से 10 माह से संपर्क था। यह संपर्क पीड़िता की एक मुस्लिम सहेली के माध्यम से शुरू हुआ, जिसने दोनों को मिलवाया। आरोपी इम्तियाज पीड़िता के परिवार के यहाँ नौकरी करता था। यहीं से कथित तौर पर ग्रूमिंग की शुरुआत हुई।
फोटो-वीडियो वायरल करने की धमकी, पैसों के साथ बुलाया
पुलिस के मुताबिक, 3 फरवरी को दोपहर करीब 3 बजे आरोपी इम्तियाज ने अनामिका को फोन कर धमकी दी कि अगर वह रेलवे स्टेशन पैसे लेकर नहीं आई, तो उसके साथ बनाए गए फोटो और वीडियो वायरल कर दिए जाएंगे। डर के चलते युवती 500-500 रुपए की 3 गड्डी लेकर घर से निकली।
लालबाग से दरगाह, फिर असीरगढ़… धर्म बदलने का दबाव
आरोप है कि आरोपी युवती को लालबाग से अपने साथ ले गया और फिर छोटी अजमेर दरगाह (पातोंडा) के पास पहुंचा, जहां उस पर इस्लाम धर्म कबूल करने का दबाव बनाया गया। इसके बाद आरोपी उसे असीरगढ़ ले गया और अंत में गर्ल्स स्कूल, बुरहानपुर के पास छोड़कर फरार हो गया।
मेडिकल के बाद परिजनों को सौंपा
गुमशुदगी की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने सर्च शुरू किया। 4 फरवरी को युवती को विधिवत सुपुर्द कर मेडिकल परीक्षण कराया गया। उस समय स्वास्थ्य ठीक नहीं होने के कारण बयान दर्ज नहीं हो सके। 5 फरवरी को युवती के थाने पहुंचने पर महिला अधिकारी द्वारा उसके विस्तृत कथन दर्ज किए गए।
हिंदू नेता का आरोप: सहेली भी साजिश में शामिल
मामले ने राजनीतिक और सामाजिक तूल भी पकड़ लिया। हिन्दू जागरण मंच सहितं अन्य संगठनो ने अपना आक्रोश व्यक्त किया है। हिंदू नेता महेश सिंह चौहान ने आरोप लगाया कि पीड़िता की मुस्लिम सहेली भी इस पूरे घटनाक्रम में शामिल है और उसी ने आरोपी इम्तियाज से जान-पहचान कराई। उन्होंने मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है। इस दौरान अजीत परदेशी, मयूर तिवारी, आलोक मिश्रा, सचिन गाड़े सहित अन्य मौजूद रहे।
इन धाराओं में दर्ज हुआ अपराध
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ बीएनएस की धारा 308(2), ध्यप्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम की धारा 3/5(1) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है।
पुलिस का कहना: हर एंगल से जांच
कोतवाली पुलिस के अनुसार, कॉल डिटेल, मोबाइल नंबर, बयान और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच की जा रही है। सहेली की भूमिका समेत सभी पहलुओं को खंगाला जा रहा है। जांच पूरी होने के बाद आगे की सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
क्या है ग्रूमिंग लव जिहाद
जब किसी मामले में आरोप होता है कि पहले ग्रूमिंग (मानसिक ब्रेनवॉश/भावनात्मक फंसाना) की गई। फिर प्रेम संबंध का सहारा लिया गया और अंत में धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया गया। तो ऐसे मामलों को आम बोलचाल और मीडिया में“ग्रूमिंग लव जिहाद” कहा जाता है।