बुरहानपुर। खकनार थाना क्षेत्र में हुई नाबालिग बेटे की जघन्य हत्या के मामले में अदालत ने सख्त फैसला सुनाया है। द्वितीय अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश निलेश कुमार जिरेती की अदालत ने आरोपी पिता को आजीवन कारावास और 2000 रुपए के अर्थदंड से दंडित किया। यह फैसला हत्या जैसे गंभीर अपराधों के खिलाफ एक मजबूत संदेश माना जा रहा है।
यह थी घटना
दरअसल मामला 26 अक्टूबर 2024 का है। खकनार थाना क्षेत्र के ग्राम उसारनी निवासी मुकेश पिता सुखलाल मंडलोई (40 वर्ष) ने अपने नाबालिग बेटे आयान्स की कुल्हाड़ी से निर्मम हत्या कर दी थी। घटना के बाद फरियादी राजू की रिपोर्ट पर आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 640/2024, धारा 103(1) बीएनएस में मामला दर्ज हुआ था।
पुलिस और अभियोजन की तगड़ी पैरवी
प्रकरण की विवेचना निरीक्षक अभिषेक जाधव द्वारा की गई। विवेचना में उपनिरीक्षक बी.एल. मंडलोई, रामेश्वर बकोरिया, शिवपाल सरयाम और आरक्षक खुमसिंह नार्वे ने अहम भूमिका निभाई। शासन की ओर से पैरवी अपर लोक अभियोजक नितीश गुप्ता ने की, जिन्होंने सशक्त दलीलें पेश कर अदालत से आरोपी को सजा दिलवाई।
एसपी करेंगे सम्मानित
पुलिस अधीक्षक आशुतोष बागरी ने प्रकरण की विवेचना और पैरवी में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले पुलिस अधिकारियों और अभियोजन अधिकारी की सराहना की। उन्होंने घोषणा की कि सभी को सम्मानित और पुरस्कृत किया जाएगा।