बुरहानपुर। इंदौर-इच्छापुर हाईवे पर कटी घाटी के पास ट्रक ड्राइवर से हुई 3 लाख रुपए की लूट का निंबोला पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस जांच में चौंकाने वाली बात सामने आई कि वारदात कोई अचानक हुई लूट नहीं थी, बल्कि ट्रक के पुराने मालिक ने ही अपने साथियों के साथ मिलकर पूरी साजिश रची थी। आरोपियों ने पहले वाहन की लोकेशन जुटाई, फिर कटी घाटी के पास घात लगाकर ट्रक रोका और उसमें रखे रुपए लूटकर फरार हो गए।
घटना 7 मई 2026 की है। फरियादी अजय पिता बालुसिंग वास्कले उम्र 27 वर्ष निवासी राउ ने थाना निंबोला पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि इंदौर-इच्छापुर हाईवे पर कटी घाटी के पास काले रंग की कार में आए चार लोगों ने उसकी आयशर वाहन क्रमांक DD 01-G-9963 को रोका। इसके बाद वाहन में रखे 3 लाख रुपए लूटकर आरोपी मौके से फरार हो गए। मामले में थाना निंबोला पुलिस ने अपराध क्रमांक 141/2026 धारा 309(4) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की।
SP के निर्देश पर बनी टीम, CCTV से शुरू हुई जांच
लूट की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक आशुतोष बागरी ने आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अंतर सिंह कनेश और एसडीओपी नेपानगर निर्भय सिंह अलावा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निंबोला उपनिरीक्षक राहुल कांबले ने टीम गठित की।
पुलिस टीम ने सबसे पहले घटनास्थल और आसपास के होटल-ढाबों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। इसके बाद संदिग्ध वाहन की तलाश में बोरगांव, कोहदड़, पाटलिया, सिगोट, रामपुर, लछोरा, रामपुरा, भामगढ़, अमलपुरा, जावर, मुंदी, पुनासा, बागरदा, नर्मदा नगर, वन विभाग चेक पोस्ट, देवास जिले के सतवास, काटाफोड़, पुजापुरा और इंदौर तक के कैमरों की जांच की गई।
बिना नंबर की काली कार ने खोला राज
जांच के दौरान पुलिस को काले रंग की होंडा अमेज कार संदिग्ध दिखाई दी। शुरुआत में कार बिना नंबर की नजर आई, लेकिन इंदौर कंट्रोल रूम के कैमरों की जांच में उसी वाहन की नंबर प्लेट MP 09 BH 0860 के रूप में पहचान हुई। इसके बाद पुलिस वाहन मालिक तक पहुंची।
वाहन मालिक दिनेश पाटीदार निवासी बिडवाल, थाना कानवन, जिला धार से पूछताछ की गई। उसने बताया कि 6 मई की रात से ही उसका दोस्त युग श्रीवास्तव निवासी इंदौर कार किराए पर उपयोग के लिए ले गया था। यहीं से पुलिस की जांच आरोपियों तक पहुंची।
पूछताछ में खुली पूरी साजिश
पुलिस ने युग श्रीवास्तव से पूछताछ की तो उसने वारदात कबूल कर ली। आरोपी ने बताया कि 7 मई को सुबह करीब 3 बजे वह अपने साथियों के साथ इंदौर से निकला था। उसके साथ आवेश मंसूरी निवासी चंदन नगर, संतोष उर्फ बाबा निवासी उदयनगर और मोहम्मद अली निवासी चंदन नगर भी थे। सभी आरोपी घटनास्थल के आसपास छिपकर आयशर वाहन का इंतजार कर रहे थे।
जांच में यह भी सामने आया कि आवेश मंसूरी व्हाट्सएप कॉल के जरिए इंदौर में मौजूद जुबेर अंसारी और समीर उर्फ अन्ना से संपर्क में था। इन्हीं के माध्यम से आयशर वाहन की लोकेशन ली जा रही थी। जैसे ही वाहन कटी घाटी के पास पहुंचा, आरोपियों ने उसे रोककर लूट की वारदात को अंजाम दिया।
तीन आरोपी गिरफ्तार, तीन अब भी फरार
पुलिस ने मामले में मोहम्मद अली पिता मुसव्वीर उम्र 18 वर्ष निवासी चंदन नगर, युग पिता दिनेश श्रीवास्तव उम्र 21 वर्ष और जुबेर पिता अब्दुल रज्जाक मंसूरी उम्र 40 वर्ष, सभी निवासी इंदौर को गिरफ्तार किया है।
वहीं आवेश मंसूरी निवासी चंदन नगर, संतोष उर्फ बाबा निवासी उदयनगर और समीर उर्फ अन्ना निवासी इंदौर अभी फरार हैं। पुलिस इनकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
वारदात में इस्तेमाल कार जब्त
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूट में उपयोग की गई होंडा अमेज कार जब्त की है। पुलिस के अनुसार वारदात योजनाबद्ध तरीके से की गई थी। आरोपी पहले से वाहन की गतिविधियों की जानकारी ले रहे थे और मौका मिलते ही हाईवे पर लूट को अंजाम दिया।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निंबोला उपनिरीक्षक राहुल कांबले, उपनिरीक्षक कमल मोरे, प्रधान आरक्षक अर्जुन, प्रधान आरक्षक प्रताप तोमर, प्रधान आरक्षक तुकाराम, चालक आरक्षक पवन, साइबर सेल शाखा के आरक्षक शक्ति सिंह, दुर्गेश, सत्यपाल, ललित सहित बुरहानपुर और इंदौर सीसीटीवी पुलिस कंट्रोल रूम की अहम भूमिका रही।