बुरहानपुर। संयुक्त जिला कार्यालय में शुक्रवार को हुई दिशा (जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति) की बैठक उस वक्त गरमा गई जब खंडवा सांसद ज्ञानेश्वर पाटील ने अफसरों की कार्यशैली पर सीधा हमला बोल दिया। पिछली बैठकों में दिए गए निर्देशों का पालन नहीं होने पर सांसद ने तीखे तेवर दिखाते हुए कहा जांच हुई या नहीं, रिपोर्ट कहां है? क्या हम सिर्फ बैठकें कर खानापूर्ति कर रहे हैं? उन्होंने साफ शब्दों में चेताया कि लापरवाही और ढिलाई अब बर्दाश्त नहीं होगी।
विश्व धरोहर कुंडी भंडारा पर फटकार
सांसद ने कुंडी भंडारा को लेकर अधिकारियों को कठघरे में खड़ा करते हुए कहा कि यह विश्व धरोहर है, लेकिन इसकी हालत बदतर है। उन्होंने क्षतिग्रस्त कुंडियों की तत्काल मरम्मत और लिफ्ट को 24×7 चालू रखने के निर्देश दिए ताकि देश-विदेश से आने वाले पर्यटक भूमिगत जल प्रणाली देख सकें। ताप्ती नदी में गिर रहे नालों के गंदे पानी पर भी नाराजगी जताई और कहा कि नगर निगम की बनाई गई योजना सिर्फ कागजों में नहीं, जमीन पर दिखनी चाहिए।
जलावर्धन योजना में लापरवाही पर चेतावनी
सांसद ने कहा जलावर्धन योजना का मकसद जनता को शुद्ध पानी देना है, इसमें लीकेज और लापरवाही किसी भी हाल में नहीं चलेगी। उन्होंने निगम अधिकारियों को रोज़ाना मैदानी निरीक्षण करने और समस्याओं का तुरंत समाधान करने को कहा।
‘विकसित गांव’ मोदी सरकार की प्राथमिकता
सांसद पाटील ने कहा कि विकसित भारत 2047 का सपना तभी पूरा होगा जब गांव आत्मनिर्भर बनेंगे। कर वसूली अभियान में अच्छा काम करने वाले सरपंच, सचिव और कर्मचारियों को सम्मानित करने के निर्देश दिए। साथ ही जिला पंचायत को चेताया कि वीबी-जी राम जी (ग्रामीण रोजगार गारंटी कानून-2025) के क्रियान्वयन में कोई कोताही न हो।
विधायक मंजू दादू ने ठेकेदारों पर कसा शिकंजा
नेपानगर विधायक मंजू दादू ने सड़कों की खराब हालत पर अफसरों और ठेकेदारों को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा बदनापुर-सिवल-दरियापुर-दूधिया रोड का पेचवर्क एक साल में ही उखड़ गया, इसकी जांच कर दोषी ठेकेदार पर कार्रवाई करो। उन्होंने शिवबाबा मार्ग निर्माण, लोखंडिया मार्ग चौड़ीकरण और धरती आभा योजना में हर मजरा-टोला तक बिजली पहुंचाने के निर्देश भी दिए। ग्रामीण क्षेत्रों में जननी वाहनों की देरी पर नाराजगी जताई गई। स्वास्थ्य विभाग ने वाहनों की कमी बताई, जिस पर विधायक ने तुरंत घोषणा की कि मेरी ओर से दो नए जननी वाहन दिए जाएंगे।
बिजली, राशन और आवास पर सख्त निर्देश
बैठक में सांसद ने कहा बिजली विभाग मेंटेनेंस के नाम पर मनमानी बंद करे। राशन दुकानों से पूरे महीने वितरण हो, पीएम आवास में कोई पात्र न छूटे। जिले में ‘गो हॉस्टल’ (गाय छात्रावास) को पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू किया जाए।
बैठक में महापौर माधुरी पटेल, जिला पंचायत अध्यक्ष गंगाराम मार्को, कलेक्टर हर्ष सिंह सहित समिति सदस्य और तमाम अधिकारी मौजूद रहे, लेकिन सांसद के तेवरों से साफ हो गया कि अब कागजी रिपोर्ट नहीं, जमीन पर काम चाहिए।